ये जीवन तो यात्रा है अनंत की, ये जीवन अनंत, इसके रास्ते अनंत, इसकी यात्रा अनंत, ये दुनियाँ अनंत, और इसकी मंजिल अनंत l जिस भी राह पर चलोगे, वह दूर तक ले जायेगी, जो भी राह चुनोगे, वह किस्मत तुम्हारी बनायेगी, चाहते अनंत, सपने अनंत, खुशियाँ अनंत, आनंद अनंत l अनंत है काया, अनंत है माया, अनंत है शक्ति, अनंत है भक्ति अनंत है धरती, अनंत आकाश, अनंत अग्नि, अनंत जल, अनंत वायु, अनंत लोक, अनंत परलोक, अनंत बृहम्, अनंत बृहमांड l अनंत जीव, अनंत जीवन, अनंत अंधेरा, अनंत प्रकाश, अनंत प्रभु ने अनंत रचा है, अनंत लोकों में उसका आभास, अनंत होते हुए भी एक है, उस मालिक की अनंत माया अपरम्पार l अनंत का सफर है ये तो, फिर क्यों सीमित दायरा करते हो, सूक्ष्म वही, विराट वही है, उससे दूरी क्यों रखते हो, सदचिदानंदघन, सत्यस्वरूप परमात्मा, उस प्रभुजी की लीलाएँ है अपरंपार l अनंत लीलाएँ रचनेवाले, तुझसे फुले-फले सबका घर-संसार, तुझसे जुड़े हैं तार सभी के, तेरे बन जाए...