कभी तो दिल में प्यार जगा

कभी तो दिल में प्यार जगा
कुछ तो दिल में प्यार जगा, 
बहुत जी लिया, बेहोशी में, 
कभी तो दिल में प्यार बढ़ा  l

हर वक्त मन से सोचता है, 
दिल से कभी काम ना लेता, 
दिल दरिया में प्यार भरा तो, 
सारा जहान अपना सा दिखता, 
तन-मन-रूह सुंदर बन जाए, 
कभी तो अंदर को सुंदर बना l

चाहतें दुनियाँ की सारी, 
प्यार से पूरी होती है, 
मंजिलें दुनियाँ की सारी, 
प्यार से ही मिलती है, 
कुछ तो जीवन में आनंद हो, 
इस मन में तू प्यार जगा l


Thank You. 

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