एक दिन, छूटेगा जग सारा

एक दिन, छूटेगा जग सारा,
तू ही हरदम मेरा सहारा,
तेरा नाम रहे नित्य प्यारा,
तेरा मिलता रहे सहारा,
एक दिन भूलेगा जग सारा ।

जग के बंधन बाँध के बैठे,
जग को अपना मान के बैठे,
जग मे तन-मन खोकर बैठे,
जग में रब को भूलके बैठे,
उस दिन चलेगा नही कोई चारा ।

मन को आज लगाया जो रब में,
रब की चाह जगाई जो मन में,
दुनियाँ क्या भला तेरा कर देगी,
दुनियाँ सुख चैन-तेरा सब लूटेगी,
उसके बिना तेरा नही है गुजारा ।



Thank You.

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