हे गोविंद, हे दाता मालिक, तुम सबके रखवाले

हे गोविंद, हे दाता मालिक, 
तुम सबके रखवाले, 
तुम सब देनेवाले भगवन, 
तुम सब लेनेवाले, 
तुमसे कुछ भी छुपा नही है, 
हे सारे जहान के ईश्वर, 
अंतर्यामी, पारबृहम प्रभुजी, 
सब जीवों के ईश्वर, 
तेरे ही गुण गाएं, नित्य नित्य, 
सब ये दुनियाँवाले  l

मैं भी तेरी शरण में आया, 
रखियो ध्यान विधाता, 
मैंने भी नित्य तुझको चाहा, 
भूल नही ये जाना, 
तुम तो देख रहे हो सब कुछ, 
कुछ भी छुपा ना तुझसे, 
मुझ पर भी अपनी कृपा करियो, 
हे दुनियाँ बनानेवाले  l

तेरे ही गुण गाता जाऊँ, 
जब तक दम में दम है, 
सदा तुझी को चाहता जाऊँ, 
जब तक ये जीवन है, 
तेरे ही उपकार अनेकों, 
परमपिता हे मालिक, 
सब के प्यारे, जग के प्यारे, 
दयानिधान, प्रभुजी, सदचिदानंदघन, 
आप ही अपनी महिमा जानो, 
और किसी में क्या दम है, 
रास्ता तुम्ही दिखानेवाले, 
तुम्ही मंजिल पर पहुँचानेवाले  l


Thank you

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