सफर तमाम जिंदगी का, सफर में कटता रहा
सफर तमाम जिंदगी का सफर में कटता रहा,
कभी यहाँ गए, कभी वहाँ गए,
कभी रुक दिये, कभी चल दिये,
कभी यहाँ गए, कभी वहाँ गए,
कभी रुक दिये, कभी चल दिये,
यूँही ख्याल जिंदगी का, ख्यालों में कटता रहा ।
मुश्किलें भी आती रही, आई तो फिर चली गई,
कभी जिंदगी खामोश रही, कभी शोर मचाती रही,
जिंदगी का सिलसिला, यूँ ही आगे बढ़ता रहा,
ख्वाबों का सिलसिला, ऐसे ही चलता रहा,
सवाल जिंदगी का कभी सुलझा, कभी उलझा रहा ।
कभी खुशी मिली, कभी गम मिले,
कभी ज्यादा मिले, कभी कम मिले,
कभी रोशनी, कभी अंधेरे मिले,
कुछ समझ गए, कुछ नासमझ रहे,
प्यार जिंदगी पर, कभी ज्यादा रहा, कभी कम रहा ।
Aman

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