सारा जहान अपना लागे

कुछ खुशियाँ हो जीने में, 

कुछ खुशियाँ हो सीने में, 

कुछ नया करने का साहस हो, 

कुछ आगे बढ़ने का साहस हो, 

कुछ मस्तियाँ हो जीने में l


कुछ तो आँखों में सपने हो, 

कुछ तो दुनियाँ में अपने हो, 

कुछ तो जीवन प्यारा लागे, 

कुछ तो प्यारे, प्यारे लागे, 

कुछ चाहतें हो जीने में l


सारा जहान ये अपना लागे, 

ये जमीन आसमान अपना लागे, 

जहाँ रहूँ वहाँ अपनापन मिले, 

जहाँ जाऊँ वहाँ अपनापन मिले, 

कुछ अपनापन हो सीने में l






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